जेनोट्रांसप्लांटेशन (Xenotransplantation) : डेली करेंट अफेयर्स

पौराणिक कथाओं में आपने भगवान गणेश के सिर कटने की कई कथाएं सुनी होंगी। बाद में उन्हें हाथी का सिर लगा दिया जाता है। आधुनिक विज्ञान में इस तरह के शल्य चिकित्सा को थोड़ी बहुत ही कामयाबी मिल पाई है, लेकिन लगातार कोशिश करते रहने की वजह से हम आए दिन कुछ न कुछ नई उपलब्धि हासिल कर रहे हैं। इसी क्रम में अभी हाल ही में दुनिया में पहली बार अमेरिका के डॉक्टरों ने एक इंसान के अंदर सूअर का दिल लगाया है। बता दें कि दो अलग-अलग नस्लों के बीच शरीर के अंगों या टिश्यू के इस्तेमाल की प्रक्रिया को "जेनोट्रांसप्लांटेशन" कहते हैं।

बीते 7 जनवरी को अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड मेडिसिन के डॉक्टरों ने एक व्यक्ति के शरीर में सूअर के दिल का सफलतापूर्वक प्रतिरोपण यानी ट्रांसप्लांटेशन किया है। ट्रांसप्लांटेशन का ये कारनामा मैरीलैंड के एक 57 वर्षीय व्यक्ति डेविड बेनेट के शरीर में किया गया है। यह दुनिया में पहली ऐसी घटना है जब इंसान के अंदर सूअर का दिल लगाया गया है। दरअसल, हार्ट फेल्योर और दिल की धड़कन असामान्य होने की वजह से बेनेट में मानव दिल का प्रतिरोपण संभव नहीं था। उनके पास जिंदा रहने का कोई और विकल्प नहीं बचा था। डॉक्टरों ने अंतिम उम्मीद के तौर पर उनके शरीर के भीतर सूअर का ह्रदय ट्रांसप्लांट किया और यह सफल रहा। अब सूअर का यह ह्रदय बेनेट के भीतर इंसान के हृदय जैसा ही पल्स और प्रेशर क्रिएट कर रहा है। गौरतलब है कि अभी कुछ ही दिन पहले अमेरिका में ही डॉक्टरों ने एक व्यक्ति के शरीर में सूअर के गुर्दे का सफलतापूर्वक ट्रांसप्लांटेशन किया था।

जिस सूअर का ह्रदय डेविड बेनेट को लगाया गया है वह डोनर जीव नार्मल सूअर नहीं था, बल्कि जेनेटिकली मॉडिफाइड था। इसके लिए जीन एडिटिंग तकनीक का सहारा लिया गया। अगर सूअर के हृदय की जीन एडिटिंग न की जाती तो इसे व्यक्ति का शरीर स्वीकार न करता और बाहरी मानकर एक मजबूत इम्यून प्रतिक्रिया शुरू कर देता। इसका मतलब यह हुआ कि ट्रांसप्लांटेशन फेल हो जाता। ऑर्गन ट्रांसप्लांट फेल होने पर व्यक्ति को कई बीमारियां हो सकती हैं और उसकी जान जाने का भी खतरा रहता है।

एक और सवाल कि आखिर सूअर का ही दिल क्यों लगाया गया तो इसके लिए आपको बता दूं कि 19वीं सदी में जिनोट्रांसप्लांटेशनइस क्षेत्र में काफी रिसर्च हुए। वैज्ञानिकों ने खरगोश, बंदर से लेकर लंगूर तक के अंगों को इंसानों में ट्रांसप्लांट करने की कोशिश की, लेकिन इतनी कोशिशों के बाद वैज्ञानिकों ने सूअर को सबसे बेहतरीन विकल्प माना। सूअर के जींस इंसानों से काफी मिलते हैं उदाहरण के तौर पर सूअर का दिल एक वयस्क मानव दिल के आकार के बराबर का होता है।

इस उपलब्धि के बारे में अन्य विशेषज्ञों ने काफी खुशी जाहिर की है लेकिन साथ ही उन्होंने इस पर और भी रिसर्च किए जाने की जरूरत बताई है। कुल मिलाकर यह उपलब्धि जेनोट्रांसप्लांटेशन क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण वैज्ञानिक उपलब्धि है। इस सफलता के बाद मानव शरीर में ऑर्गन ट्रांसप्लांट करने के लिए मानव अंगों की गंभीर कमी को दूर किया जा सकेगा। एक आंकड़े के मुताबिक, मौजूदा वक्त में अमेरिका में करीब 1,07,000 लोग ऑर्गन ट्रांसप्लांट की वेटिंग लिस्ट में हैं। ऐसे में अमेरिकी डॉक्टरों की यह कामयाबी इस दिशा में वरदान साबित हो सकती है।