यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में करेंट अफेयर्स MCQs क्विज़ : 19, मई 2022


यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में डेली करेंट अफेयर्स MCQ क्विज़

(Daily Current Affairs MCQs Quiz for UPSC, IAS, UPPSC/UPPCS, MPPSC. BPSC, RPSC & All State PSC Exams)

तारीख (Date): 19, मई 2022


प्रश्न 1. भारत सरकार की 'पंचामृत' पहल के तहत निम्नलिखित में से कौन-सा/से लक्ष्य हैं/हैं?

1. गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता 2030 तक 500 गीगावाट तक।
2. 2030 तक अपनी ऊर्जा आवश्यकताओं का 50 प्रतिशत नवीकरणीय ऊर्जा से पूरा करें।
3. 2030 तक इसके अनुमानित कार्बन उत्सर्जन को एक ट्रिलियन टन कम करें।
4. 2030 तक इसकी अर्थव्यवस्था की कार्बन तीव्रता को 45 प्रतिशत तक कम करें।

सही विकल्प चुनें:

a) केवल 1, 2 और 3
b) केवल 1, 3 और 4
c) केवल 1, 2 और 4
d) ये सभी

उत्तर: (C)

व्याख्या:

'पंचामृत' का वादा

  • भारत की गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता 2030 तक 500 गीगावाट हो जाएगी।
  • भारत 2030 तक अपनी ऊर्जा आवश्यकताओं का 50 प्रतिशत नवीकरणीय ऊर्जा से पूरा करेगा।
  • भारत 2030 तक अपने अनुमानित कार्बन उत्सर्जन में एक अरब टन की कमी करेगा।
  • भारत 2030 तक अपनी अर्थव्यवस्था की कार्बन तीव्रता को 45 प्रतिशत तक कम कर देगा।
  • भारत 2070 तक शुद्ध शून्य प्राप्त कर लेगा।

प्रश्न 2. परिसीमन आयोग के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें :

1. परिसीमन आयोग के आदेशों में कानून का बल है और इसे किसी भी अदालत के समक्ष प्रश्नगत नहीं किया जा सकता है।
2. इसके आदेशों की प्रतियां लोक सभा और संबंधित राज्य विधान सभा के समक्ष रखी जाती हैं, लेकिन उनमें किसी संशोधन की अनुमति नहीं होती है।

उपरोक्त में से कौन सा/से कथन सही नहीं है/हैं?

a) केवल 1
b) केवल 2
c) 1 और 2 दोनों
d) न तो 1 और न ही 2

उत्तर: (D)

व्याख्या:

  • परिसीमन का शाब्दिक अर्थ है किसी देश या प्रांत में एक विधायी निकाय वाले क्षेत्रीय निर्वाचन क्षेत्रों की सीमा या सीमा तय करने की क्रिया या प्रक्रिया।
  • परिसीमन का कार्य एक उच्च शक्ति निकाय को सौंपा गया है। ऐसे निकाय को परिसीमन आयोग या सीमा आयोग के रूप में जाना जाता है। भारत में, इस तरह के परिसीमन आयोगों का गठन 4 बार 1952 में परिसीमन आयोग अधिनियम, 1952 के तहत, 1963 में परिसीमन आयोग अधिनियम, 1962 के तहत, 1973 में परिसीमन अधिनियम, 1972 के तहत और 2002 में परिसीमन अधिनियम, 2002 के तहत किया गया है।
  • भारत में परिसीमन आयोग एक उच्च शक्ति निकाय है जिसके आदेशों में कानून का बल है और इसे किसी भी अदालत के समक्ष प्रश्नगत नहीं किया जा सकता है।
  • ये आदेश इस संबंध में भारत के राष्ट्रपति द्वारा निर्दिष्ट की जाने वाली तारीख पर लागू होते हैं।
  • इसके आदेशों की प्रतियां लोक सभा और संबंधित राज्य विधान सभा के समक्ष रखी जाती हैं, लेकिन उनके द्वारा उनमें किसी संशोधन की अनुमति नहीं है।

प्रश्न 3. निम्नलिखित में से कौन सा संगठन लॉजिस्टिक प्रदर्शन सूचकांक प्रकाशित करता है?

a) विश्व आर्थिक मंच
b) विश्व बैंक
c) अंतर्राष्ट्रीय मौद्रिक फर्म
d) एशियाई विकास बैंक

उत्तर: (B)

व्याख्या: विश्व बैंक लॉजिस्टिक प्रदर्शन सूचकांक प्रकाशित करता है।

प्रश्न 4. राष्ट्रीय आय के निर्धारण के संबंध में निम्नलिखित में कौन सा/से कथन सत्य है/हैं?

1. कारक लागत पर शुद्ध घरेलू उत्पाद, बाजार मूल्य पर निवल घरेलू उत्पाद में अप्रत्यक्ष कर को घटाकर तथा आर्थिक सहायता को जोड़कर प्राप्त की जाती है।
2. राष्ट्रीय आय की गणना में हस्तांतरण भुगतान या ट्रांसफर पेमेंट सम्मिलित नहीं किया जाता।

A. केवल 1
B. केवल 2
C. 1 और 2 दोनों
D. इनमें से कोई नहीं

उत्तर: (C)

व्याख्या: कारक लागत पर शुद्ध घरेलू उत्पाद, बाजार मूल्य पर निवल घरेलू उत्पाद में अप्रत्यक्ष कर को घटाकर तथा आर्थिक सहायता को जोड़कर प्राप्त की जाती है। क्योंकि अप्रत्यक्ष कर वह राशि है जिसकी प्राप्ति में कोई भी आर्थिक कार्य नहीं हो रहे हैं, अतः यह आय का भाग नहीं है। इसके साथ ही साथ सरकार द्वारा सब्सिडी या आर्थिक सहायता के बदले भी कोई आर्थिक क्रिया नहीं हो रही है, परन्तु सरकार उसका भुगतान कर रही है। अतः यह आय का भाग है। इसके साथ ही राष्ट्रीय आय की गणना में हस्तांतरण भुगतान या ट्रांसफर पेमेंट यथा पेंशन की गणना नहीं होती, क्योंकि यह राशि भी बिना किसी सेवा के बदले प्राप्त की जाती है। इस प्रकार दोनों कथन सत्य हैं।

प्रश्न 5. बेसल III के संबंध में निम्नलिखित में कौन सा/से कथन सत्य है/हैं?

1. यह बैंकिंग उद्योग में वित्तीय सुधारो से सम्बंधित अंतरराष्ट्रीय मानदंड है।
2. बेसल, मानदंडों का निर्धारण सदस्य देशो के वित्त मंत्रियो की समिति द्वारा होता है।
3. कोविड महामारी के कारण बेसल III के क्रियान्वयन को 1 वर्ष के लिए स्थगित कर दिया गया है।

A. 2 और 3
B. 1 और 3
C. केवल 1
D. 1, 2 और 3

उत्तर: (B)

व्याख्या: बेसल मानदंड बैंकिंग उद्योग के पूँजी, लिवरेज, फंडिंग और तरलता से सम्बंधित है। इस प्रकार यह बैंकिंग क्षेत्र वित्तीय सुधारों के विनियमन, पर्यवेक्षण, जोखिम प्रबंधन से सम्बंधित है। इसे बेसल कमिटी आन बैंकिंग सुपरविजन द्वारा विकसित किया गया है। यह 27 देशो तथा यूरोपीय संघ से सम्बंधित है। सदस्य देशों के केंद्रीय बैंक के गवर्नर इस समिति में शामिल होते हैं।

इस बेसल कमिटी आन बैंकिंग सुपरविजन का गठन 1974 में हुआ था। बेसल III के पूर्व बेसल I तथा बेसल II नाम से नीतिगत अनुशंसाएं जारी की जा चुकी हैं। इस वर्ष कोविड महामारी के कारण बेसल III के कार्यन्वयन को 1 वर्ष के लिए स्थगित कर दिया गया है। इस प्रकार कथन 1 तथा 3 सत्य हैं। अतः विकल्प B सही है।

प्रश्न 6. सीमित देयता भागीदारी निपटान योजना के संबंध में निम्नलिखित में कौन सा/से कथन सत्य है/हैं?

1. इसे वित्त मंत्रालय के अंतर्गत आर्थिक मामलों के विभाग द्वारा आरम्भ किया गया था ।
2. यह इज ऑफ डूइंग बिजनस को बढ़ावा देने के प्रयासों का हिस्सा है।

A. केवल 1
B. केवल 2
C. 1 और 2 दोनों
D. इनमें से कोई नहीं

उत्तर: (B)

व्याख्या: सीमित देयता भागीदारी निपटान योजना को कारपोरेट कार्य मंत्रालय द्वारा आरम्भ किया गया है। यह योजना वस्तुतः वैधानिक रूप से आवश्यक दस्तावेज़ दाखिल करने में हुए विलम्ब पर पंजीयक को एक बार छूट तथा अभियोजन से सुरक्षा प्राप्त करने की सुविधा प्रदान करती है। सीमित देयता भागीदारी एक कर इकाई हैं, जिन्हें सीमित देयता भागीदारी अधिनियम 2008 के अंतर्गत पंजीकृत किया गया है। ये भागीदारों को इकॉनमी ऑफ स्केल की सुविधा प्रदान करते हैं। यह योजना 16 मार्च से जून 2020 तक के लिए लागू थी। इसे सरकार द्वारा इज ऑफ डूइंग बिजनस को बढ़ावा देने के लिए आरम्भ किया गया था।

प्रश्न 7. कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व के सन्दर्भ में कौन सा /से कथन सत्य नहीं हैं?

1. यह उन कंपनियों पर लागू होता है जिनका निवल मूल्य 100 करोड़ से अधिक हो।
2. इसमें कंपनियों को पिछले 5 साल के शुद्ध लाभ का 2% कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व अर्थात शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण के प्रसार के उद्देश्य से खर्च करना होता है
3. यह कंपनी अधिनियम के अंतर्गत नियंत्रित होती है।

A. 2 और 3
B. 1 और 2
C. केवल 3
D. 1, 2 और 3

उत्तर: (C)

व्याख्या: कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व से अभिप्राय किसी औद्योगिक इकाई के सामाजिक उत्तरदायित्व से है। यह अवधारणा कम्पनी अधिनियम की धारा 135 से नियंत्रित होती है। यह प्रावधान उन कंपनियों के लिए है जिनका कुल टर्नओवर 1000 करोड़ से अधिक या निवल मूल्य 500 करोड़ से अधिक या शुद्ध लाभ 5 करोड़ से अधिक हो। कंपनियों को पिछले 3 साल के शुद्ध लाभ का 2% कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व अर्थात शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण के प्रसार के उद्देश्य से खर्च करना होता है। इस प्रकार कथन 1 तथा 2 असत्य हैं।