यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में करेंट अफेयर्स MCQs क्विज़ : 25, अप्रैल 2022


यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में डेली करेंट अफेयर्स MCQ क्विज़

(Daily Current Affairs MCQs Quiz for UPSC, IAS, UPPSC/UPPCS, MPPSC. BPSC, RPSC & All State PSC Exams)

तारीख (Date): 25, अप्रैल 2022


प्रश्न 1. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :

1. पेरिस जलवायु समझौते में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2070 तक भारत की नेट शून्य कार्बन उत्सर्जन लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्ध व्यक्त की है।
2. नेट शून्य प्रतिबद्धता पंचामृत रणनीति का हिस्सा है।

ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

a) केवल 1
b) केवल 2
c) दोनों 1 और 2
d) इनमें से कोई नहीं

उत्तर: (B)

व्याख्या:

  • कोप- 26 सम्मेलन में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2070 तक भारत की नेट शून्य कार्बन उत्सर्जन लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्ध व्यक्त की है।
  • शुद्ध-शून्य प्रतिबद्धता पंचामृत या "पांच अमृत" की रणनीति का हिस्सा है।

प्रश्न 2. माधवपुर मेले के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :

1. मेला लगभग 4,000 साल पहले रुक्मिणी के साथ भगवान कृष्ण के विवाह के जश्न के रूप में मनाया जाता है।
2. माधवपुर मेला, अद्वितीय है क्योंकि यह गुजरात में सर्दियों के मौसम के दौरान आयोजित किया जाता है।

कूटों का प्रयोग कर के सही कथन चुनिए।

a) केवल 1
b) केवल 2
(c) 1 और 2 दोनों
(d) कोई नहीं 

उत्तर: (A)

व्याख्या:

  • मेला लगभग 4,000 साल पहले रुक्मिणी के साथ भगवान कृष्ण के विवाह के जश्न के रूप में मनाया जाता है।
  • गुजरात अपने सांस्कृतिक मेलों के लिए प्रसिद्ध है, जैसे कि सुरेंद्रनगर में तरनेतर मेला और ढोलका में वौथा का पशुधन मेला।
  • इनमें से अधिकांश मेले मानसून और सर्दियों में आयोजित किए जाते हैं।
  • माधवपुर मेला अद्वितीय है क्योंकि यह गर्मियों में आयोजित किया जाता है

प्रश्न 3. कभी-कभी समाचारों में देखा जाने वाला यूएनएससीआर 1540 का प्रस्ताव किससे संबंधित है?

a) साइबर हमले
b) मानवाधिकारों का उल्लंघन
c) सामूहिक विनाश का हथियार
d) युद्ध अपराध

उत्तर: (C)

व्याख्या:

  • अप्रैल 2004 में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने आतंकवाद के कृत्यों को करने के लिए डब्ल्यूएमडी सामग्री, उपकरण या प्रौद्योगिकी तक पहुंच प्राप्त करने वाले गैर-राज्य अभिनेताओं के बढ़ते खतरे को दूर करने के लिए संकल्प 1540 को अपनाया।
  • अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा के लिए इस चुनौती का समाधान करने के लिए, यूएनएससीआर 1540 ने संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अध्याय VII के तहत संयुक्त राष्ट्र के सभी सदस्य देशों पर बाध्यकारी दायित्वों की स्थापना की।

प्रश्न 4. निम्नलिखित में से कौन सा संगठन "निर्यात तैयारी सूचकांक" जारी करता है?

a) उद्योग और आंतरिक व्यापार को बढ़ावा देने के लिए विभाग
b) वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय
c) EXIM
d) नीति आयोग

उत्तर: (D)

व्याख्या:

  • नीति आयोग ने इंस्टीट्यूट ऑफ कॉम्पिटिटिवनेस के साथ साझेदारी में निर्यात तैयारी सूचकांक (ईपीआई) 2021 जारी किया।
  • निर्यात तैयारी सूचकांक उप-राष्ट्रीय निर्यात संवर्धन के लिए महत्वपूर्ण मूलभूत क्षेत्रों की पहचान करने के लिए एक डेटा-संचालित प्रयास है।
  • ईपीआई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को 4 मुख्य स्तंभों और 11 उप्स्ताम्भों पर रैंक प्रदान करता है- नीति; व्यापार पारिस्थितिकी तंत्र; निर्यात पारिस्थितिकी तंत्र; निर्यात निष्पादन और 11 उप-स्तंभ- निर्यात संवर्धन नीति; संस्थागत रूपरेखा; व्यापार वातावरण; बुनियादी ढांचा; परिवहन कनेक्टिविटी; वित्त तक पहुंच; निर्यात बुनियादी ढांचा; व्यापार समर्थन; आर एंड डी बुनियादी ढांचा; निर्यात विविधीकरण; और विकास अभिविन्यास।

प्रश्न 5. केवल एक धर्मनिरपेक्ष राज्य ही अपने लक्ष्य की प्राप्ति कर सकता है, यह सुनिश्चित करने के लिए कि

1. एक धार्मिक समुदाय दूसरे पर वर्चस्व स्थापित न करें
2. कुछ सदस्य एक ही धार्मिक समुदाय के अन्य सदस्यों पर वर्चस्व स्थापित न करें
3. राज्य किसी विशेष धर्म को लागू नहीं करता और न ही व्यक्तियों को धार्मिक स्वतंत्रता से दूर करता है।

उपर्युक्त दिये गये कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A. केवल 1
B. केवल 1 और 3
C. केवल 2 और 3
D. 1, 2 और 3

उत्तर: (D)

व्याख्या: भारतीय संविधान भारतीय राज्य को ‘पंथनिरपेक्ष’ घोषित करता है। संविधान के अनुसार, केवल एक पंथ-निरपेक्ष राज्य ही अपने लक्ष्य की प्राप्ति कर सकता है, यह सुनिश्चित करने के लिए कि

  • एक धार्मिक समुदाय दूसरे पर वर्चस्व स्थापित न करें।
  • कुछ सदस्य एक ही धार्मिक समुदाय के अन्य सदस्यों पर वर्चस्व स्थापित न करें।
  • राज्य किसी विशेष धर्म को लागू नहीं करता और न ही व्यक्तियों को धार्मिक स्वतंत्रता से दूर करता है।

भारतीय राज्य उपर्युक्त प्रभुत्व को रोकने के लिए विभिन्न तरीकों से काम करता है। सबसे पहले यह स्वयं धर्म से ‘सैद्धांतिक दूरी’ की रणनीति का उपयोग करता है। भारतीय राज्य किसी धार्मिक समूह द्वारा शासित नहीं है और न ही यह किसी एक धर्म का समर्थन करता है। भारत में, सरकारी स्थान जैसे कानूनी अदालतें, पुलिस स्टेशन, सरकारी स्कूल और कार्यालय किसी एक धर्म को प्रदर्शित या प्रचारित नहीं करते हैं।

प्रश्न 6. संविधान सभा के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. संविधान सभा के लिए जुलाई 1946 में चुनाव आयोजित किये गये।
2. संविधान सभा में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का वर्चस्व था।
3. संविधान सभा में प्रस्तुत किया गया हर दस्तावेज और बोला गया हर शब्द रिकॉर्ड किया गया है और संरक्षित किया गया है।

उपर्युक्त दिये गये कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A. केवल 1
B. केवल 1 और 3
C. 1, 2 और 3
D. केवल 2 और 3

उत्तर: (C)

व्याख्या: संविधान सभा में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का वर्चस्व था, जिसने भारत की आजादी की लड़ाई में नेतृत्व किया था। संविधान सभा में प्रस्तुत किया गया हर दस्तावेज और बोला जाने वाला हर शब्द रिकॉर्ड किया गया है और संरक्षित किया गया है। इसे ‘संविधान सभा में बहस’ के नाम से जाना जाता है। मुद्रित रूप में इस बहस के 12 विशाल संस्करण हैं। ये बहसें संविधान में दिये गये हर प्रावधान के पीछे तर्क देती हैं। इसे संविधान के अर्थ की व्याख्या करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। अतः सभी कथन सही है।

प्रश्न 7. निम्नलिखित कथन (A) और कारण (R) को पढ़कर सही विकल्प चुनें।

कथन (A) : पंचायती राज व्यवस्था ने ‘प्रतिनिधि लोकतंत्र’ को ‘सहभागितापूर्ण लोकतंत्र’ में परिवर्तित कर दिया।
कारण (R) : पंचायती राज व्यवस्था ने ‘निर्णयन प्रक्रिया’ में लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की।

A. A तथा R दोनों सही हैं, तथा R, A का सही स्पष्टीकरण है।
B. A तथा R दोनों सही हैं, परन्तु R, A का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
C. A सही है, परन्तु R गलत है।
D. A गलत है, परन्तु R सही है।

उत्तर: (A)

व्याख्या: पंचायती राज संस्थाओं ने लोगों को निर्णयन-प्रक्रिया में सीधे भाग लेने का मौका प्रदान किया है। ग्राम सभा की बैठक में ग्राम पंचायत अपनी योजनाएँ तय करती है। आगे चलकर ये योजनाएँ जिला स्तर की योजना का हिस्सा होती है। फिर जिला स्तर से राज्य स्तर पर और इस तरह से अंतिम रूप से लोगों के विचार देश की योजना का हिस्सा होते हैं। इस प्रकार हम यह कह सकते हैं कि पंचायती राज व्यवस्था ने ‘प्रतिनिधिक लोकतंत्र’ को ‘सहभागितापूर्ण लोकतंत्र’ में परिवर्तित किया है।